Navratri Procession और लाउडस्पीकर के म्यूजिक के कारण दिल्ली के लोगों की नींद उड़ी, Police ने लिया संज्ञान

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रितिका कमठान । Mar 31 2025 3:40PM

पुलिस ने कहा कि उन्होंने स्वतः संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की और नवरात्रि शुरू होने से एक दिन पहले 29 मार्च को 100 से अधिक बूम बॉक्सों के तार बंद कर दिए। उन्होंने यह भी कहा कि आगे कोई उपद्रव न हो, इस पर नजर रखी जा रही है। के "दरवाजे और खिड़कियां रात भर हिलती रहती हैं"।

दिल्ली के दक्षिण, पूर्व और दक्षिण पूर्व दिल्ली के लोग इन दिनों काफी परेशान हो रहे है। नवरात्र उत्सव और जुलूसों को देखते हुए ट्रक व अन्य वाहनों पर तेज आवाज में संगीत बजाया जा रहा है। ऐसे में स्थानीय लोग काफी पेरशान हो गए है। इस कारण लोगों को पुलिस में शिकायत करनी पड़ी है।

हिंदुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट की मानें तो पुलिस ने जनता की शिकायतों पर ध्यान दिया है। पुलिस का कहना है कि उन्हें कई कॉल मिले है। इसमें बताया गया है कि बूम बॉक्स पर तेज आवाज में म्यूजिक बजाया जा रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने कहा कि उन्होंने स्वतः संज्ञान लेते हुए कार्रवाई की और नवरात्रि शुरू होने से एक दिन पहले 29 मार्च को 100 से अधिक बूम बॉक्सों के तार बंद कर दिए। उन्होंने यह भी कहा कि आगे कोई उपद्रव न हो, इस पर नजर रखी जा रही है। रिपोर्ट में कई निवासियों के हवाले से कहा गया है कि वे सो नहीं पाते क्योंकि उनके "दरवाजे और खिड़कियां रात भर हिलती रहती हैं"।

कालिंदी कॉलोनी के आरडब्लूए अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने कहा, "भले ही हम बहुत धार्मिक हैं, लेकिन सड़कों पर तेज आवाज में संगीत बजाने का यह चलन सभी के लिए बहुत असुविधाजनक है, खासकर बुजुर्गों के लिए।" इस बीच, एक सोशल मीडिया यूजर ने एक्स पर लिखा, "फिर से नहीं! नवरात्रि के नाम पर, जसोला विहार के सेक्टर 7 में एक आवासीय सोसायटी के ठीक बाहर, रात 1.25 बजे तेज आवाज में घटिया संगीत बजाया जा रहा है। अगले 9 दिनों तक दिल्ली में नींद हराम रहेगी।"

एक्स यूजर ने अपनी पोस्ट में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के कार्यालय, दिल्ली पुलिस और अन्य लोगों को टैग किया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) आवासीय क्षेत्रों में सुबह 6 बजे से रात 10 बजे के बीच अधिकतम 55 डीबी (ए) ध्वनि स्तर की अनुमति देता है।

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